मंगल ग्रह पर जल्द उड़ेंगे सुपरसोनिक हेलिकॉप्टर! NASA के ब्लेड्स ने तोड़ा साउंड बैरियर; देखें वीडियो
मंगल ग्रह पर जल्द उड़ेंगे सुपरसोनिक हेलिकॉप्टर! NASA के ब्लेड्स ने तोड़ा साउंड बैरियर; देखें वीडियो
नासा के इंजीनियरों ने भविष्य के मार्स हेलिकॉप्टर के रोटर ब्लेड्स को आवाज की गति यानी मैक-1 के पार पहुंचा दिया है. यह हाई-रिस्क टेस्ट कैलिफोर्निया की जेट प्रोपल्शन लेबोरेटरी (JPL) में किया गया. इसका मकसद अगली पीढ़ी के एयरक्राफ्ट को मंगल पर भारी वजन उठाने और लंबी दूरी तय करने के काबिल बनाना है. नासा ने बताया कि रोटर जितना तेज घूमेगा, हेलिकॉप्टर उतने ही ज्यादा साइंटिफिक इंस्ट्रूमेंट ले जा पाएगा. मंगल ग्रह पर उड़ान भरना दुनिया के सबसे चुनौतीपूर्ण कामों में से एक माना जाता है. वहां का वातावरण धरती के मुकाबले सिर्फ 1 प्रतिशत ही घना है, जिससे लिफ्ट पैदा करना बहुत मुश्किल होता है. हालांकि वहां गुरुत्वाकर्षण कम है, लेकिन फिर भी ब्लेड्स को बहुत तेज घुमाना पड़ता है. इंजीनियरों ने लैब के अंदर मंगल जैसा माहौल बनाने के लिए कार्बन डाइऑक्साइड का इस्तेमाल किया और प्रेशर को वहां के हिसाब से सेट किया. इस प्रयोग के दौरान रोटर ब्लेड्स को 3,750 आरपीएम (RPM) तक घुमाया गया, जिससे उन्होंने साउंड बैरियर तोड़ दिया. इंजिनियुटी हेलिकॉप्टर के दौरान नासा ने कभी भी स्पीड को 2,700 आरपीएम से ऊपर नहीं जाने दिया था ताकि कोई खतरा न हो. नई तकनीक से लिफ्ट कैपेसिटी में 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है. अब नासा का ‘स्काईफॉल’ जैसे मिशन भारी बैटरी और सेंसर्स के साथ मंगल के उन कोनों तक पहुंच सकेंगे जहां रोवर नहीं जा सकते. (वीडियो क्रेडिट : NASA/JPL)





