डोंगरगढ़- विकासखंड अंतर्गत डोंगरगांव विधानसभा क्षेत्र के ग्राम चारभाठा में सचिव, जिला कांग्रेस कमेटी राजनांदगांव (ग्रामीण) विष्णु लोधी ने किसानों, मजदूरों, महिलाओं, युवाओं एवं वरिष्ठ नागरिकों से आत्मीय संवाद कर उनकी समस्याओं, सुझावों एवं मांगों को गंभीरता से सुना। इस दौरान किसानों ने बताया कि खेती की लागत लगातार बढ़ती जा रही है। खाद, बीज, डीजल एवं कीटनाशकों की बढ़ती कीमतों तथा समय पर खाद उपलब्ध नहीं होने से किसान आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। किसानों ने सरकार से ₹3,286 प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी सुनिश्चित करने, समर्थन मूल्य में बढ़ी ₹186 प्रति क्विंटल की राशि का शीघ्र भुगतान करने तथा खेती के लिए आवश्यक कृषि सामग्री समय पर उपलब्ध कराने की मांग की।
ग्रामीणों ने स्मार्ट मीटर लगाए जाने के बाद बढ़े बिजली बिलों पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि इससे गरीब, किसान, मजदूर एवं मध्यमवर्गीय परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ गया है। उन्होंने स्मार्ट मीटर व्यवस्था की समीक्षा कर आम उपभोक्ताओं को राहत देने की मांग की। विष्णु लोधी ने कहा कि किसान और आम जनता महंगाई, बढ़ती खेती लागत और बिजली बिलों की मार झेल रहे हैं। सरकार को जनहित के मुद्दों पर संवेदनशील होकर ठोस निर्णय लेने चाहिए। यदि किसान आर्थिक रूप से मजबूत होगा, तभी गांव और प्रदेश का समग्र विकास संभव होगा।
ग्राम चारभाठा के किसानों एवं ग्रामीणों ने क्षेत्र में केन्द्रीय सहकारी बैंक की शाखा खोलने की मांग प्रमुखता से उठाई। ग्रामीणों ने बताया कि बैंक की सुविधा दूर होने के कारण किसानों को धान बिक्री की राशि निकालने, कृषि ऋण, किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) एवं अन्य बैंकिंग कार्यों के लिए बार-बार लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। इससे समय और धन दोनों की हानि होती है। ग्रामीणों ने कहा कि चारभाठा में केन्द्रीय सहकारी बैंक की शाखा खुलने से चारभाठा सहित आसपास के अनेक गांवों के हजारों किसानों को सीधा लाभ मिलेगा। विष्णु लोधी ने कहा कि चारभाठा में केन्द्रीय सहकारी बैंक की शाखा खोलना केवल एक सुविधा नहीं, बल्कि किसानों की आर्थिक मजबूती और ग्रामीण विकास का महत्वपूर्ण आधार है। इस जनहित की मांग को संबंधित विभाग एवं सरकार के समक्ष पूरी मजबूती से उठाया जाएगा और इसके लिए हर स्तर पर निरंतर प्रयास किए जाएंगे विष्णु लोधी ने कहा कि बरसात के इस मौसम में क्षेत्र में मलेरिया का प्रकोप बढ़ रहा है, लेकिन कई सरकारी अस्पतालों में मलेरिया जांच किट की पर्याप्त उपलब्धता नहीं होना गंभीर चिंता का विषय है। समय पर जांच और उपचार नहीं मिलने से आम जनता का स्वास्थ्य प्रभावित हो रहा है। सरकार को तत्काल सभी स्वास्थ्य केंद्रों एवं अस्पतालों में पर्याप्त जांच किट, दवाइयां एवं आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने चाहिए। विष्णु लोधी ने कहा कि प्रदेश में जूनियर एमबीबीएस डॉक्टरों की अनिश्चितकालीन हड़ताल और पटवारियों की हड़ताल से आम जनता को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हैं और राजस्व संबंधी कार्य बाधित हो रहे हैं। सरकार को टकराव का रास्ता छोड़कर तत्काल सकारात्मक संवाद के माध्यम से उनकी न्यायोचित मांगों का समाधान करना चाहिए।
ग्रामीणों ने सड़क, पेयजल, सिंचाई, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं रोजगार जैसी मूलभूत समस्याओं से भी अवगत कराया तथा इनके शीघ्र समाधान की मांग की। युवाओं ने स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने की मांग की, जबकि महिलाओं ने महंगाई और बुनियादी सुविधाओं में सुधार की आवश्यकता पर जोर दिया।
विष्णु लोधी ने कहा कि जन संवाद केवल एक राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि गांव-गांव की वास्तविक समस्याओं को समझने और उन्हें शासन-प्रशासन तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने का माध्यम है। प्रत्येक गांव से प्राप्त सुझावों एवं मांगों का दस्तावेज तैयार किया जा रहा है, ताकि जनहित के मुद्दों को पूरी मजबूती से उठाया जा सके। विष्णु लोधी ने आगे कहा कि कांग्रेस हमेशा किसानों, मजदूरों, युवाओं, महिलाओं, कर्मचारियों और आम जनता की न्यायोचित मांगों के साथ खड़ी रही है। आज प्रदेश का किसान खेती की बढ़ती लागत से परेशान है, युवा रोजगार की चिंता में है, कर्मचारी अपनी मांगों के लिए आंदोलन करने को विवश हैं और आम जनता महंगाई का बोझ उठा रही है। जनसंवाद अभियान का उद्देश्य इन सभी आवाज़ों को एक मंच देकर लोकतांत्रिक तरीके से उनके समाधान के लिए संघर्ष करना है। वही अंत में विष्णु लोधी ने कहा कि गांव-गांव से मिल रहा स्नेह, विश्वास और समर्थन इस जन संवाद अभियान की सबसे बड़ी ताकत है। विधानसभा क्षेत्र के प्रत्येक गांव की समस्याओं को सरकार और प्रशासन के समक्ष मजबूती से रखा जाएगा तथा किसानों, मजदूरों, महिलाओं, युवाओं और आम जनता के हितों की रक्षा के लिए संघर्ष निरंतर जारी रहेगा।
सरकार की नीतियों से किसान, मजदूर, युवा और कर्मचारी परेशान —(विष्णु लोधी)
Related articles




