मानसून में पक्षियों का स्वर्ग बना भरतपुर का केवलादेव पार्क! विदेशी मेहमानों की अनोखी दुनिया देख हो जाएंगे हैरान


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Bharatpur Keoladeo National Park: मानसून के दौरान भरतपुर का केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान (केवलादेव घना राष्ट्रीय उद्यान) प्रकृति और पक्षी प्रेमियों के लिए किसी स्वर्ग से कम नहीं होता. हरियाली से लबरेज यह विश्व धरोहर स्थल सैकड़ों प्रजातियों के स्थानीय और प्रवासी पक्षियों का सुरक्षित बसेरा बन जाता है. यहां पेंटेड स्टॉर्क, यूरेशियन स्पूनबिल, ग्रे हेरॉन, किंगफिशर, कॉर्मोरेंट और कई रंग-बिरंगे जलपक्षी आसानी से देखे जा सकते हैं. शांत झीलें, दलदली क्षेत्र और प्राकृतिक आवास इन पक्षियों के लिए आदर्श वातावरण प्रदान करते हैं. यही वजह है कि मानसून के मौसम में केवलादेव पार्क देश-विदेश के पर्यटकों, बर्ड वॉचर्स और वाइल्डलाइफ फोटोग्राफर्स की पहली पसंद बन जाता है.

भरतपुर का विश्व प्रसिद्ध केवलादेव नेशनल पार्क मानसून के समय जीवंत हो उठना है. यहां पर एक से बढ़कर एक और कई प्रकार के पक्षी देखने के लिए मिलते हैं. जिनका दीदार करने के लिए भरतपुर सहित देश और विदेश से पर्यटक यहां पर पहुंचते हैं. विशेष कर मानसून के समय यहां पर कई अलग-अलग प्रजाति के जो है. पक्षी देखने के लिए मिलते हैं.

केवलादेव पार्क के अंदर पेंटेड स्टॉर्क सबसे ज्यादा दिखने वाले पक्षियों में से एक है.यह अपनी सफेद और गुलाबी पंखों के कारण बेहद आकर्षक लगता है. ये पक्षी समूह में रहते हैं और पेड़ों पर बड़े-बड़े घोंसले बनाते हैं. मानसून के समय इनकी संख्या काफी बढ़ जाती है और यह प्रजनन भी करते हैं.

इसके बाद आता है.साइबेरियन क्रेन जो केवला देव नेशनल पार्क का सबसे खास और दुर्लभ प्रजाति मानी जाता है.यह पक्षी हजारों किलोमीटर दूर साइबेरिया से यहां सर्दियों में आता था हालांकि अब इसकी संख्या बहुत कम हो गई है.लेकिन यह पार्क की पहचान का अहम हिस्सा है.और संरक्षण का प्रतीक भी है. जो दिखने में काफी सुंदर नजर आता है.

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इसके बाद आता है.पार्क के अंदर सबसे कम नजर आने वाले बार-हेडेड गूज अपनी ऊंची उड़ान के लिए प्रसिद्ध है. यह पक्षी हिमालय पार करके भारत आता है. केवलादेव में सर्दियों के दौरान इनका बड़ा झुंड देखने को मिलता है. यह शांत स्वभाव का पक्षी है और झीलों के किनारे आराम करता नजर आता है.

इसके बाद आता है. पार्क के सुंदर पक्षियों में से एक पेलिकन अपने बड़े चोंच और गले की थैली के लिए जाना जाता है. यह पक्षी पानी में मछली पकड़ने में माहिर होता है. केवलादेव नेशनल पार्क में पेलिकन के समूह अक्सर पानी में तैरते और शिकार करते हुए देखे जा सकते हैं. जो पर्यटकों के लिए खास आकर्षण होते है.

इसके बाद आता है. पार्क के सबसे सुंदर और खूबसूरत पक्षी फ्लेमिंगो का जो अपनी गुलाबी रंगत के कारण सबसे खूबसूरत पक्षियों में गिना जाता है. यह पक्षी झुंड में रहता है. पानी में खड़े होकर भोजन करता है. जब सैकड़ों फ्लेमिंगो एक साथ दिखाई देते हैं. तो पूरा दृश्य बेहद मनमोहक बन जाता है. लेकिन अब यह पार्क में कम नजर आता है.

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