ISS air leak emergency। NASA crew evacuation alert। स्पेस स्टेशन पर आई आफत, रूसी वैज्ञानिक ने उठाई आरी, फूल गई NASA की सांसें


Last Updated:

इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) पर हवा का रिसाव दोगुना होने के बाद तब हड़कंप मच गया जब रूसी अंतरिक्ष यात्रियों ने दरार ठीक करने के लिए आरी इस्तेमाल करने की योजना बनाई. नासा ने इस बेहद जोखिम भरे तरीके का कड़ा विरोध किया. दोनों एजेंसियों में उपजे इस गंभीर मतभेद के बाद नासा ने तुरंत अपने पांच अंतरिक्ष यात्रियों को आपातकालीन निकासी के लिए ‘क्रू ड्रैगन’ स्पेसक्राफ्ट में छिपने का आदेश दे दिया. हालांकि, रूस द्वारा आरी का इस्तेमाल रोकने के बाद यह हाई-अलर्ट हटाया गया.

Zoom

इंटरनेशनल स्‍पेस स्‍टेशन पर अफरातफरी मच गई.

इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) पर जब मौत बनकर हवा का रिसाव अचानक दोगुना हो गया तब जीरो ग्रैविटी में मौजूद वैज्ञानिकों के पैरों तले जमीन खिसक गई. अंतरिक्ष की असीम गहराइयों में एक ऐसी इमरजेंसी घोषित हुई जिसने नासा (NASA) के कमांड सेंटर में बैठे अधिकारियों के पसीने छुड़ा दिए. संकट के उस खौफनाक मोड़ पर रूस के अंतरिक्ष यात्रियों ने ज्वेज्दा मॉड्यूल की दरार को ठीक करने के लिए जब ‘देसी जुगाड़’ अपनाते हुए सीधे आरी उठा ली तो नासा की सांसें हलक में अटक गईं. अंतरिक्ष स्टेशन के इतिहास में पहली बार अमेरिकी स्पेस एजेंसी को लगा कि रूसी वैज्ञानिकों की यह सनकी जिद पूरे स्टेशन को तबाह कर देगी. पलक झपकते ही ह्यूस्टन से ‘सेफ-हेवन’ का डरावना आदेश गूंजा और पांच अंतरिक्ष यात्री अपनी जान बचाने के लिए बदहवास होकर स्पेसएक्स क्रू ड्रैगन यान के अंदर जा छिपे. करीब दो घंटे तक रूस और अमेरिका के बीच जिंदगी और मौत की जो जंग चली, उसने अंतरिक्ष विज्ञान के इतिहास में सबसे बड़ा हाई-वोल्टेज ड्रामा खड़ा कर दिया.

ईस्टर्न टाइम के अनुसार सुबह 9:04 बजे नासा ने क्रू-12 मिशन के चार सदस्यों और एक अन्य अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री को एहतियात के तौर पर स्टेशन से डॉक किए गए स्पेसएक्स क्रू ड्रैगन अंतरिक्ष यान के अंदर चले जाने का सख्त निर्देश दिया. अंतरिक्ष स्टेशन के 27 साल के इतिहास में यह बेहद दुर्लभ और तनावपूर्ण क्षण था, जब किसी संभावित खतरे के कारण मिशन कंट्रोल को सेफ-हेवन यानी सुरक्षित ठिकाने की प्रक्रिया लागू करनी पड़ी. लगभग दो घंटे तक अंतरिक्ष में मौत का साया मंडराता रहा, जिसके बाद नासा और रूसी अंतरिक्ष एजेंसी रॉसकॉस्मॉस के बीच हुई आपातकालीन चर्चा के बाद इस हाई-अलर्ट को वापस लिया जा सका.

अंतरिक्ष में कैसे खड़ा हुआ यह संकट?
यह पूरा विवाद आईएसएस (ISS) के सबसे महत्वपूर्ण हिस्सों में से एक ज्वेज्दा सर्विस मॉड्यूल में आई दरार और उससे हो रहे रिसाव के कारण शुरू हुआ. नासा के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक इस मॉड्यूल से होने वाला एयर लीक अचानक प्रतिदिन एक पाउंड से बढ़कर दो पाउंड हो गया. रिसाव की दर दोगुनी होने से ह्यूस्टन स्थित नासा का मिशन कंट्रोल सतर्क हो गया.

संकट तब और बढ़ गया जब रूसी अंतरिक्ष यात्रियों (कूद-स्वेरचकोव और मिकायेव) ने दरार तक पहुंचने के लिए एक आरी का उपयोग करने की योजना बनाई. नासा ने इस आक्रामक और जोखिम भरे तरीके का कड़ा विरोध किया क्योंकि अंतरिक्ष स्टेशन के भीतर किसी आरी या कटर का इस्तेमाल करना पूरे स्टेशन के स्ट्रक्चर को खतरे में डाल सकता था. इसी मतभेद के बाद नासा ने तुरंत अपने यात्रियों को क्रू ड्रैगन स्पेसक्राफ्ट में छिपने का आदेश दे दिया. स्थिति तब संभली जब रॉसकॉस्मॉस ने आरी से मरम्मत करने के अपने फैसले को फिलहाल रोक दिया, जिसके बाद अंतरिक्ष यात्रियों को वापस आईएसएस में लौटने की अनुमति दी गई.

ISS में आपातकालीन स्थिति की 5 मुख्य बातें

• दो रिसावों की हुई पहचान: रूसी स्पेस एजेंसी रॉसकॉस्मॉस के अनुसार, ज्वेज्दा मॉड्यूल में दो अलग-अलग एयर लीक की पहचान की गई थी, जिनमें से एक को तुरंत सील कर दिया गया जबकि दूसरे पर काम जारी है.
• सुरक्षित ठिकाने की प्रक्रिया: नासा ने सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए क्रू-12 के दो अमेरिकी, एक फ्रांसीसी और एक रूसी अंतरिक्ष यात्री सहित कुल पांच वैज्ञानिकों को स्पेसएक्स क्रू ड्रैगन यान के भीतर स्टैंडबाय पर रखा था.
• फिलहाल कोई तात्कालिक खतरा नहीं: रॉसकॉस्मॉस और नासा दोनों ने स्पष्ट किया है कि मरम्मत कार्य रुकने के बाद वर्तमान में न तो अंतरिक्ष स्टेशन के सिस्टम को और न ही वहां मौजूद क्रू मेंबर्स की जान को कोई सीधा खतरा है.
• संयुक्त रणनीति पर काम: नासा की प्रवक्ता स्टीवंस ने कहा कि एजेंसी अब इस रिसाव को ठीक करने के लिए रॉसकॉस्मॉस के साथ मिलकर एक सहयोगात्मक और सुरक्षित तकनीकी दृष्टिकोण पर काम करने की उम्मीद कर रही है.
• 27 साल का बेदाग इतिहास: इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन के पिछले 27 वर्षों के इतिहास में कई बार आपातकालीन ड्रिल (Emergency Drills) तो हुई हैं, लेकिन आज तक किसी भी क्रू को खतरे के कारण कभी भी आईएसएस को बीच में नहीं छोड़ना पड़ा है.

सवाल-जवाब
इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन पर अचानक यह आपातकालीन स्थिति क्यों पैदा हुई?
यह स्थिति आईएसएस के रूसी ‘ज्वेज्दा मॉड्यूल’ में हो रहे एयर लीक की दर अचानक एक पाउंड से बढ़कर दो पाउंड प्रतिदिन होने और रूसी अंतरिक्ष यात्रियों द्वारा आरी से उसकी मरम्मत करने की जिद के कारण पैदा हुई थी.
क्या अंतरिक्ष यात्रियों को वास्तव में स्पेस स्टेशन से पृथ्वी पर वापस लौटना था?
नहीं, उन्हें केवल एक एहतियाती कदम के रूप में ‘स्पेसएक्स क्रू ड्रैगन’ स्पेसक्राफ्ट के अंदर स्टैंडबाय पर रखा गया था, ताकि यदि स्थिति बिगड़ती है, तो वे तुरंत वहां से सुरक्षित बाहर निकल सकें.
नासा ने रूसी अंतरिक्ष यात्रियों के मरम्मत करने के तरीके का विरोध क्यों किया?
रूसी वैज्ञानिक दरार तक पहुंचने के लिए आरी (Saw) का इस्तेमाल करने जा रहे थे. नासा का मानना था कि अंतरिक्ष की संवेदनशील परिस्थितियों में ऐसी धातु काटने वाली चीजों के उपयोग से स्टेशन के मुख्य ढांचे को बड़ा नुकसान पहुंच सकता था.
वर्तमान में आईएसएस पर कुल कितने अंतरिक्ष यात्री मौजूद हैं?
वर्तमान में आईएसएस पर कुल सात अंतरिक्ष यात्री मौजूद हैं, जिनमें नासा के जेसिका मीर, जैक हैथवे, क्रिस्टोफर विलियम्स, यूरोपीय स्पेस एजेंसी की सोफी एडेनॉट और रूस के एंड्री फेद्याएव, सर्गेई कूद-स्वेरचकोव और सर्गेई मिकायेव शामिल हैं.

About the Author

authorimg

Sandeep GuptaChief Sub Editor

डिजिटल पत्रकारिता में खबरों की गहरी समझ रखने वाले संदीप गुप्ता वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. 16 वर्षों से सुदीर्घ पत्रकारीय सफर में इन्होंने अपनी कलम से जटिल विषयों को …और पढ़ें



Source link

Latest articles

spot_imgspot_img

Related articles

spot_imgspot_img