डोंगरगढ़ शहर में एक बार फिर चाकूबाजी की घटना ने लोगों में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। शहर के बीचोंबीच लगातार हो रही हिंसक घटनाओं ने कानून व्यवस्था और बढ़ते नशे के कारोबार को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। ताजा मामला डोंगरगढ़ शहर के वार्ड नंबर 3 स्थित खैरागढ़ रोड का है, जहां बीती रात गुपचुप ठेला लगाने वाले पिता-पुत्र पर मामूली विवाद के बाद चाकू से हमला कर दिया गया। बताया जा रहा है कि गुपचुप ज्यादा खिलाने को लेकर विवाद शुरू हुआ और देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने चाकू निकालकर हमला कर दिया।
घटना में पिता और पुत्र दोनों घायल हो गए, जिन्हें तत्काल पुलिस की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया। बताया जा रहा है कि हमलावर सात से आठ की संख्या में थे, जो घटना के बाद मौके से फरार हो गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश की जा रही है।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक देर रात खैरागढ़ रोड पर रोज की तरह गुपचुप का ठेला लगा हुआ था। इसी दौरान कुछ युवक वहां पहुंचे और गुपचुप खाने के दौरान विवाद शुरू हो गया। पहले कहासुनी हुई, फिर मामला मारपीट तक पहुंच गया और कुछ युवकों ने चाकू निकाल लिया। अचानक हुए हमले से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव करने की कोशिश की लेकिन तब तक पिता-पुत्र घायल हो चुके थे।
घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। लोगों का कहना है कि शहर में लगातार बढ़ रही चाकूबाजी की घटनाएं चिंता का विषय बन चुकी हैं। बीते दिनों शहर के हृदय स्थल बुधवारी पारा स्थित पुराने अस्पताल परिसर में भी चाकूबाजी की घटना सामने आई थी। वहीं ग्राम रामाटोला में शादी समारोह के दौरान चाकू चलने की घटना हुई थी। इसके अलावा ग्राम पलांदूर में सुशासन तिहार कार्यक्रम के दौरान सरपंच पर भी चाकू से हमला किया गया था।
लगातार सामने आ रही इन घटनाओं के बाद अब लोगों के बीच यह चर्चा भी तेज हो गई है कि क्या बढ़ता नशा, अवैध कारोबार और तस्करी में शामिल युवकों की गैंगबाजी शहर में अपराध को बढ़ावा दे रही है। शहर में देर रात सक्रिय रहने वाले असामाजिक तत्वों को लेकर भी नागरिकों में नाराजगी देखी जा रही है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। वहीं इस घटना के बाद शहर में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े होने लगे हैं।





