
CAA के तहत पहली बार मिली मिली नागरिकता
नई दिल्ली : CAA के तहत सबसे पहले 14 देशों की नागरिकता प्रदान की गई है। होम मिनिस्ट्री ने इस संबंध में 14 आश्रम को लाइसेंस जारी किया है। गृह मंत्रालय की ओर से बताया गया कि आज दिल्ली में 14 मिस्त्रियों को नागरिकता प्रमाण पत्र जारी किया गया। कई अन्य स्मारकों पर डिजिटल हस्ताक्षर किए गए प्रमाणित ईमेल के माध्यम से जारी किए जा रहे हैं।
गैर मुस्लिम मोनिका को नागरिकता देने की प्रक्रिया शुरू हुई
केंद्रीय गृह सचिव अजय कुमार भल्ला ने ईसाई धर्म के उपदेशक और मित्र को बधाई दी है। उन्होंने 2024 की यात्रा के बारे में बताया। केंद्र सरकार के इस कदम के साथ ही पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश में भारत आए गैर-मुस्लिम समुदाय को नागरिकता देने की प्रक्रिया शुरू हो गई।
11 मार्च को केंद्र ने जारी की अधिसूचना
पूर्वी केंद्र सरकार की ओर से 11 मार्च को जेडीपी को लेकर विज्ञप्ति जारी की गई थी और इसके तहत नागरिकता प्राप्त करने के लिए आवेदन मांगे गए थे। शर्त ये थी कि देश में पहले देश में कम से कम 12 महीने की समय सीमा लागू करना अनिवार्य है।
पहली बार 2016 में सोशल मीडिया पर सीएए पेश किया गया था
नागरिकता संशोधन बिल पहली बार 2016 में लोकसभा में पेश किया गया था। यहां से तो यह पास हो गया था लेकिन सामुहिक में फंस गया था। इसके बाद साल 2019 में मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल में इसे फिर से विपक्ष में पेश किया गया। 10 जनवरी 2020 को बिल बोमो के सदन और राष्ट्रपति की मंजूरी बैठक के बाद यह कानून बन गया। इसका गजट नोटिफिकेशन इस साल 11 मार्च को जारी किया गया था।
