डोनाल्ड ट्रंप ने फिर फोड़ा टैरिफ बम, ड्रोन पर 100% की मार, अमेरिका के सहयोगियों की भी शामत


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Drone Import Tariff: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने विदेशी ड्रोन और उनके पुर्जों पर नए टैरिफ का ऐलान किया है. राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए संवेदनशील माने जाने वाले कुछ ड्रोन पर 100% और छोटे ड्रोन पर 25% शुल्क लगेगा. यूरोपीय संघ, जापान, दक्षिण कोरिया, स्विट्जरलैंड और ताइवान से आने वाले उत्पादों पर 15%, जबकि ब्रिटेन पर 10% टैरिफ लगाया जाएगा.

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डोनाल्ड ट्रंप.

Donald Trump Tariff Drone: अमेरिका ने विदेशों से आने वाले ड्रोन और उनके पुर्जों पर नया टैरिफ बम गिरा दिया है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को नए आदेश पर हस्ताक्षर किए, जिसके तहत राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए संवेदनशील माने जाने वाले कुछ ड्रोन पर सीधे 100% टैरिफ लगेगा. छोटे ड्रोन पर 25% टैरिफ तय किया गया है. खास बात यह है कि इस बार सिर्फ चीन जैसे प्रतिद्वंद्वी देश नहीं, बल्कि अमेरिका के करीबी सहयोगी भी इसकी चपेट में आए हैं. नए नियमों के तहत यूरोपीय संघ, जापान, लिकटेंस्टीन, दक्षिण कोरिया, स्विट्जरलैंड और ताइवान से आने वाले ड्रोन और उनके पुर्जों पर 15% टैरिफ लगाया जाएगा. वहीं ब्रिटेन से आयात होने वाले संबंधित उत्पादों पर 10% टैरिफ लगेगा.

किन ड्रोन्स पर 100% टैरिफ लगेंगे

ट्रंप प्रशासन ने ड्रोन को लेकर सबसे कड़ा प्रावधान उन ड्रोन के लिए किया है जिन्हें अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से खास तौर पर संवेदनशील माना जाएगा. ऐसे ड्रोन पर 100% एड वेलोरम टैरिफ लगाया जाएगा. यानी उत्पाद के मूल्य के बराबर अतिरिक्त शुल्क. वहीं छोटे आकार के ड्रोन पर 25% टैरिफ रहेगा. ट्रंप ने कहा कि यह फैसला वाणिज्य मंत्री हॉवर्ड लुटनिक के उस आकलन के बाद लिया गया, जिसमें अमेरिका में आयात होने वाले ड्रोन सिस्टम और उनके पुर्जों से जुड़े राष्ट्रीय सुरक्षा जोखिमों की जांच की गई थी.

असली वजह क्या है?

ट्रंप के मुताबिक लुटनिक के आकलन में सामने आया कि विदेशी ड्रोन निर्माताओं की अमेरिकी बाजार में मौजूदगी काफी ज्यादा है और अमेरिका ड्रोन और उनके पुर्जों के लिए विदेशों पर बहुत ज्यादा निर्भर है. यानी अमेरिका की चिंता सिर्फ व्यापार घाटे की नहीं, बल्कि ड्रोन और उनकी सप्लाई चेन को लेकर अपनी निर्भरता की भी है.

21 दिन बाद लागू होगा फैसला

नए टैरिफ का ऐलान तुरंत असर में नहीं आएगा. व्हाइट हाउस के मुताबिक ये शुल्क घोषणा के 21 दिन बाद लागू होंगे. इससे ड्रोन बनाने वाली विदेशी कंपनियों और अमेरिकी आयातकों को सीमित समय में अपनी सप्लाई और कीमतों की रणनीति बदलनी होगी. ट्रंप प्रशासन का साफ संदेश है कि अमेरिकी ड्रोन बाजार में विदेशी निर्भरता अब पहले की तरह नहीं चलेगी.

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Yogendra Mishra

Yogendra Mishra holds a degree in Journalism from the University of Allahabad. He has been actively associated with the media industry since 2017 and brings extensive experience across various domains of journa…

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