श्विक प्रौद्योगिकी कंपनी एक्सेंचर के सतर्क आय अनुमान और वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच आईटी शेयरों में भारी बिकवाली से घरेलू शेयर बाजार पांच दिनों की तेजी के बाद शुक्रवार को गिरकर बंद हुए। सेंसेक्स में 607 अंक और निफ्टी में 155 अंक की गिरावट दर्ज की गई।
विश्लेषकों के मुताबिक, स्विट्जरलैंड में अमेरिका-ईरान शांति समझौते को अंतिम रूप देने के लिए प्रस्तावित वार्ता के टलने से उत्पन्न नई अनिश्चितता ने भी निवेशकों की धारणा को कमजोर किया।
बीएसई का 30 शेयरों वाला मानक सूचकांक सेंसेक्स 607.08 अंक यानी 0.78 प्रतिशत टूटकर 76,802.90 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 940.26 अंक तक लुढ़क गया था।
वहीं, एनएसई का 50 शेयरों वाला मानक सूचकांक निफ्टी 154.90 अंक यानी 0.64 प्रतिशत गिरकर 24,013.10 अंक पर बंद हुआ।
इस तरह घरेलू बाजारों में पांच कारोबारी सत्रों से जारी तेजी थम गई। इससे पहले के पांच कारोबारी सत्रों में सेंसेक्स 3,577.43 अंक यानी 4.84 प्रतिशत और निफ्टी 1,006.4 अंक यानी 4.34 प्रतिशत चढ़ गया था।
शुक्रवार को सेंसेक्स में शामिल कंपनियों में इन्फोसिस का शेयर 6.69 प्रतिशत टूटा। इसके अलावा टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) 3.53 प्रतिशत, एचसीएल टेक 2.74 प्रतिशत और टेक महिंद्रा 2.45 प्रतिशत नीचे बंद हुए। एचडीएफसी बैंक, महिंद्रा एंड महिंद्रा, रिलायंस इंडस्ट्रीज और हिंदुस्तान यूनिलीवर भी नुकसान में रहे।
दूसरी तरफ, भारती एयरटेल, पावर ग्रिड और एनटीपीसी जैसे शेयर बढ़त में रहे।
सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) कंपनियों में गिरावट आने से बीएसई आईटी सूचकांक 3.57 प्रतिशत लुढ़क गया।
ऑनलाइन ट्रेडिंग फर्म एनरिच मनी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) पोनमुडी आर. ने कहा, “आईटी शेयरों में तेज बिकवाली के साथ वैश्विक अनिश्चितता फिर से बढ़ने के बीच भारतीय शेयर बाजारों में गिरावट आई क्योंकि निवेशकों ने मुनाफावसूली की। एक्सेंचर के सतर्क आय पूर्वानुमान के बाद बाजार धारणा प्रभावित हुई, जबकि अमेरिका-ईरान वार्ता के टलने से व्यापक शांति प्रक्रिया के सुचारू रूप से आगे बढ़ने की उम्मीदों को झटका लगा।”




