अंबाला: हरियाणा में लगातार बढ़ती गर्मी ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं, क्योंकि प्रदेश के कई जिलों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है, जिससे दोपहर के समय हालात बेहद गंभीर हो गए हैं. दरअसल, चिलचिलाती धूप और गर्म हवाओं ने लोगों का घरों से बाहर निकलना तक मुश्किल कर दिया है. ऐसे में गर्मी से बचने के लिए लोग अलग-अलग तरीके अपना रहे हैं, लेकिन विशेषज्ञों की मानें तो इनमें से कई तरीके राहत देने के बजाय नुकसान पहुंचा सकते हैं. बता दें कि इस बढ़ते तापमान के बीच लोग अक्सर ठंडी चीजों का सेवन काफी मात्रा में करने लगते हैं और फ्रिज से कोल्ड ड्रिंक, आइसक्रीम जैसी वस्तुएं निकालकर खाने लगते हैं, जो शरीर के लिए फायदेमंद न होकर नुकसानदायक साबित होती हैं.
आयुर्वेद के अनुसार तीन दोष वात, पित्त और कफ
वहीं, इस बारे में जब लोकल 18 की टीम ने अंबाला शहर नागरिक अस्पताल की आयुर्वेदिक डॉक्टर मीनाक्षी शर्मा से बातचीत की, तो उन्होंने बताया कि सबसे पहले हमें आयुर्वेद के अनुसार तीन दोषों का ध्यान रखना चाहिए, जिनमें वात (Vata), पित्त (Pitta) और कफ (Kapha) शामिल हैं. ये तीनों ही शरीर और मन को नियंत्रित करने वाली मुख्य जैविक ऊर्जाएं हैं. उन्होंने कहा कि इस मौसम में पित्त दोष की प्रधानता रहती है, इसलिए गर्म मसाले, तेज मिर्च, कोल्ड ड्रिंक और हाई शुगर वाली ड्रिंक्स का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए, बल्कि साधारण और संतुलित भोजन लेना चाहिए.
गर्मियों में क्या खाएं और क्या ना खाएं
उन्होंने बताया कि हाई शुगर वाली ड्रिंक्स शरीर में पानी की मात्रा को कम कर देती हैं. अक्सर लोग शरीर को ठंडा करने के लिए इन ड्रिंक्स का सेवन तो कर लेते हैं, लेकिन बाद में शरीर डिहाइड्रेट हो जाता है. उन्होंने यह भी बताया कि पैकेट में बंद जूस आयुर्वेद के अनुसार सही नहीं माने जाते, क्योंकि उनमें शुगर की मात्रा अधिक होती है. इसलिए लोगों को नींबू पानी, नारियल पानी और सत्तू का सेवन करना चाहिए. जौ का सत्तू और बेसन का सत्तू काफी फायदेमंद होता है. इसके अलावा, ताजा फलों का जूस बनाकर पीना भी बेहतर विकल्प है.
दिन की शुरुआत सुबह आंवला जूस से करें
उन्होंने बताया कि दिन की शुरुआत सुबह आंवला जूस से करनी चाहिए. खाने में कड़ी पत्ता शामिल करें और भिगोए हुए गोंद कतीरा का सेवन भी लाभकारी होता है. गुलकंद और कांजी का सेवन भी आयुर्वेद में फायदेमंद माना गया है. इसके साथ ही, पानी में नमक और नींबू मिलाकर पी सकते हैं. उन्होंने बताया कि साबुत धनिया की भी एक देसी ड्रिंक बनाई जा सकती है रात में एक गिलास पानी में एक चम्मच धनिया भिगो दें और सुबह उसे छानकर उसमें नींबू और थोड़ी चीनी मिलाकर पी लें, जो काफी फायदेमंद होती है.
उन्होंने लोगों को सावधान करते हुए कहा कि गर्मी से बचाव के लिए प्राकृतिक और संतुलित उपाय अपनाना बेहद जरूरी है. शरीर को हाइड्रेट रखने के लिए सादा पानी सबसे प्रभावी तरीका है. इसके अलावा, छाछ और मौसमी फल जैसे तरबूज, खरबूजा और खीरा भी शरीर में पानी की कमी नहीं होने देते हैं. डॉ. शर्मा ने यह भी सलाह दी कि गर्मी के दिनों में तला-भुना और भारी भोजन कम करना चाहिए, क्योंकि इससे शरीर पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है. हल्का और सुपाच्य भोजन अधिक फायदेमंद रहता है. साथ ही, उन्होंने दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच अनावश्यक रूप से बाहर न निकलने की सलाह दी. यदि बाहर जाना जरूरी हो, तो सिर को ढककर रखें, हल्के रंग के ढीले कपड़े पहनें और पानी साथ लेकर चलें.





