हालांकि तकनीकी विश्लेषकों का कहना है कि सेंसेक्स के लिए 71,000 से 71,200 के बीच का क्षेत्र एक महत्वपूर्ण सपोर्ट जोन है। यदि यह स्तर बरकरार रहता है, तो बाजार में कुछ रिकवरी देखने को मिल सकती है। दूसरी ओर, 72,300 से 72,500 का दायरा निकट अवधि का प्रमुख रेजिस्टेंस क्षेत्र माना जा रहा है।
विश्लेषकों का मानना है कि व्यापक बाजार संरचना अभी भी कमजोर बनी हुई है, लेकिन ओवरसोल्ड संकेतकों और महत्वपूर्ण सपोर्ट स्तरों के करीब पहुंचने के कारण निकट अवधि में उछाल संभव है।
बाजार विशेषज्ञों ने निवेशकों को फिलहाल सतर्क रहने और हेज्ड रणनीति अपनाने की सलाह दी है। उनके अनुसार, निफ्टी के लिए 22,800 पहला अपसाइड लक्ष्य हो सकता है। इसके बाद 23,100 से 23,200 का स्तर अगला संभावित लक्ष्य रहेगा।




