Last Updated:
Dog Walking Side Hustle: न्यूयार्क के 28 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर कोबी गुडहार्ट ने पेट्स के प्रति अपने प्यार को शानदार बिजनेस आइडिया में बदल दिया है. कोबी गुडहार्ट फुल-टाइम जॉब के साथ डॉग वॉकिंग का साइड हसल कर हर महीने करीब 5.72 लाख रुपये कमा रहे हैं.
Coby Goodhart Dog Walking Business: कोबी गुडहार्ट फुल टाइम जॉब के साथ पार्ट टाइम बिजनेस कर रहे हैं
नई दिल्ली (Dog Walking Side Hustle). भागदौड़ भरे दौर में जहां लोग जॉब के साथ अपनी पर्सनल लाइफ को मैनेज करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वहीं न्यूयार्क के 28 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर ने मिसाल कायम की है. उन्होंने न सिर्फ फुल-टाइम इंजीनियरिंग की नौकरी को बरकरार रखा, बल्कि अपने पैशन को ऐसे शानदार साइड बिजनेस में बदल दिया, जो कई फुल-टाइम जॉब्स से भी ज्यादा कमाई दे रहा है. इस युवा टेक प्रोफेशनल का नाम कोबी गुडहार्ट है. उन्होंने अपनी व्यस्त लाइफस्टाइल से वक्त निकालकर हर महीने $6,000 (भारतीय मुद्रा में करीब 5.72 लाख रुपये) की कमाई का अनोखा जरिया खोज निकाला है.
नौकरी के साथ टाइम कैसे मैनेज करते हैं?
कोबी गुडहार्ट इंजीनियरिंग कंसलटेंट हैं. वह अमेरिकी ऊर्जा विभाग के क्लीन एनर्जी प्रोजेक्ट्स से जुड़े मल्टी-मिलियन डॉलर के लोन एप्लिकेशन संभालते हैं. इतनी बड़ी जिम्मेदारी वाली फुल-टाइम जॉब के साथ डॉग वॉकिंग का बिजनेस संभालना आसान नहीं है. कोबी ने साइड हसल को अपने ऑफिस शेड्यूल के हिसाब से कस्टमाइज किया है. उनका दिन सुबह जल्दी शुरू होता है. ऑफिस जाने से पहले मॉर्निंग वॉक करते हैं, लंच ब्रेक में क्लाइंट्स के डॉग्स को टहलाते हैं और शाम को ऑफिस खत्म होने के बाद और वीकेंड्स पर इस काम को पूरा समय देते हैं. वर्कलोड को मैनेज करने के लिए कोबी ने एक डॉग वॉकर हायर की है.
‘लग्जरी सर्विस’ के तौर पर बिजनेस की पोजीशनिंग
कोबी अपने काम को किसी आम डॉग-वॉकिंग सर्विस की तरह नहीं देखते. उन्होंने अपने काम को ‘लग्जरी पेट-केयर सर्विस’ के तौर पर स्थापित किया है. लोअर मैनहट्टन जैसे हाई-प्रोफाइल और बेहद व्यस्त इलाके में रहने वाले कॉरपोरेट प्रोफेशनल्स के पास अपने पेट्स के लिए वक्त नहीं होता, लेकिन वे उनके बेहतरीन केयर के लिए अच्छी खासी रकम चुकाने को तैयार रहते हैं.
कोबी की कंपनी हर क्लाइंट के हिसाब से अलग चार्ज करती है. इसमें लोकेशन, डॉग का साइज, उसका बिहेवियर और शेड्यूल जैसे फैक्टर्स शामिल होते हैं. इस समय कोबी और उनकी टीम रोजाना 10-20 कुत्तों को टहलाती है. इस बिजनेस को प्रमोट करने के लिए वे विज्ञापन का सहारा नहीं लेते, बल्कि बिल्डिंग्स के वॉचमैन को अपना बिजनेस कार्ड देते हैं और सोशल मीडिया का इस्तेमाल करते हैं.
मुश्किलों के बावजूद मिलता है सुकून
सुनने में यह साइड हसल जितना आकर्षक और आसान लगता है, असल में इसमें उतनी ही चुनौतियां भी हैं. कोबी बताते हैं कि चाहे न्यूयार्क की कड़ाके की ठंड हो, चिलचिलाती गर्मी हो या मूसलाधार बारिश- डॉग्स को उनकी वॉक चाहिए ही होती है. इन सबके बावजूद, कोबी को यह काम बेहद पसंद है और वह इसे फुल-टाइम बिजनेस में बदलना चाहते हैं. उनका मानना है कि स्क्रीन और कोडिंग की स्ट्रेसफुल दुनिया से अलग, जानवरों के साथ वक्त बिताना बेहद ग्राउंडिंग होता है. उनकी सक्सेस स्टोरी ने लाखों लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि अगर पैशन सही दिशा में हो तो कोई भी शौक बेहतरीन बिजनेस बन सकता है.
About the Author

Deepali Porwal is a seasoned bilingual journalist with 11 years of experience in the media industry. She currently works with News18 Hindi, focusing on the Education and Career desk. She is known for her versat…और पढ़ें





