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Poha Healthy or Unhealthy Breakfast: पोहा को आमतौर पर हेल्दी ब्रेकफास्ट माना जाता है, लेकिन मशहूर शेफ संजीव कपूर ने एक हालिया पॉडकास्ट में पोहा को अनहेल्दी बताया है. इसे लेकर सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है. गाजियाबाद की डाइटिशियन रंजना सिंह के अनुसार पोहा आसानी से पचने वाला फूड है, जो चावल से बनाया जाता है. पोहा को अनहेल्दी नहीं मान सकते. अधिकतर लोगों के लिए पोहा फायदेमंद है. डायबिटीज के मरीजों को पोहा खाने में सावधानी बरतनी चाहिए.
शेफ संजीव कपूर ने पोहा को अनहेल्दी बताया है, जिसके बाद इसे लेकर बहस छिड़ गई है.
Is Poha Healthy Breakfast or Overrated: देश भर में पोहा को सबसे पसंदीदा ब्रेकफास्ट माना जाता है. इंदौर का पोहा पूरी दुनिया में मशहूर है. पोहा चावल से बनाया जाता है और यह झटपट तैयार होने वाला नाश्ता है. इसे एक हेल्दी ब्रेकफास्ट ऑप्शन भी समझा जाता है. हाल ही में एक पॉडकास्ट में मशहूर शेफ संजीव कपूर ने कहा “पोहा ओवररेटेड है और यह हेल्दी नहीं है. लोगों को लगता है कि पोहा हेल्दी है, लेकिन यह हेल्दी नहीं है. राइस अगर खराब था, तो पोहा उससे भी ज्यादा खराब हो गया. अगर आपको शुगर स्पाइक्स देखना है, तो नाश्ते में पोहा खा लीजिए. इससे आपका शुगर लेवल सीधे ऊपर जाएगा.” संजीव कपूर के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है कि क्या वाकई पोहा अनहेल्दी है?
यूपी के गाजियाबाद स्थित रंजना न्यूट्रीग्लो क्लीनिक की फाउंडर और डाइटिशियन रंजना सिंह ने News18 को बताया पोहा चावल से बनाया जाता है. सबसे पहले चावल को भिगोया जाता है, फिर उसे भाप देकर दबाया और सुखाया जाता है. इसके बाद चपटे फ्लेक्स के रूप में पोहा तैयार होता है. पोहा एक तरह का प्रोसेस्ड राइस है. इसमें चावल का उपयोग होता है, इसलिए इसमें कार्बोहाइड्रेट की मात्रा अधिक होती है. पोहा में थोड़ी मात्रा में फाइबर, आयरन और कुछ बी-विटामिन्स भी पाए जाते हैं. अगर इसे मूंगफली, मटर, प्याज, करी पत्ता और सब्जियों के साथ बनाया जाए, तो इसकी न्यूट्रिशनल वैल्यू बढ़ जाती है. मूंगफली से प्रोटीन और हेल्दी फैट मिलते हैं, जबकि सब्जियां फाइबर और माइक्रोन्यूट्रिएंट्स बढ़ाती हैं.
क्या शुगर के मरीज पोहा खा सकते हैं?
डाइटिशियन ने बताया कि ग्लाइसेमिक इंडेक्स यह बताता है कि कोई खाना ब्लड शुगर को कितनी तेजी से बढ़ाता है. पोहा का ग्लाइसेमिक इंडेक्स लगभग 65 से 75 के बीच हो सकता है. इसका मतलब है कि पोहा को ज्यादा मात्रा में खाया जाए, तो यह ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ा सकता है. हालांकि यह असर इस बात पर भी निर्भर करता है कि पोहा के साथ क्या खाया जा रहा है और व्यक्ति की शारीरिक गतिविधि कैसी है. डायबिटीज के मरीज भी कम मात्रा में पोहा खा सकते हैं. हालांकि वे पोहा बनाते समय उसमें ज्यादा से ज्यादा सब्जियां, मूंगफली या स्प्राउट्स डालें, ताकि प्रोटीन और फाइबर बढ़े. इसके अलावा पोहा के साथ दही या उबला अंडा जैसे प्रोटीन भी लें. ऐसा करने से ब्लड शुगर का असर धीमा हो सकता है. अगर डायबिटीज के किसी मरीज का शुगर लेवल अनकंट्रोल है, तो डॉक्टर या डाइटिशियन की सलाह के अनुसार ही पोहा खाना चाहिए.
क्या पोहा वाकई अनहेल्दी है?
एक्सपर्ट के मुताबिक पोहा को अनहेल्दी कहना ठीक नहीं है. पोहा एक हल्का और आसानी से पचने वाला फूड है. इसमें सिर्फ कार्बोहाइड्रेट ज्यादा होते हैं. अगर इसे कम तेल में सब्जियों और मूंगफली के साथ बनाया जाए, तो यह हेल्दी ब्रेकफास्ट ऑप्शन है. पोहा को संतुलित डाइट का हिस्सा बनाकर खाना चाहिए. सिर्फ किसी एक बयान के आधार पर उसे पूरी तरह खराब या बेकार मान लेना सही नहीं होगा. सही मात्रा, सही कॉम्बिनेशन और एक्टिव लाइफस्टाइल के साथ पोहा खाया जा सकता है.
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अमित उपाध्याय News18 हिंदी की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें





