पहली बार कर रहे मथुरा-गोवर्धन परिक्रमा? इतनी लंबी पैदल यात्रा कहीं बन न जाए आफत, काम आएंगे ये टिप्स


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Govardhan Parikrama : गर्मियों में गोवर्धन परिक्रमा मार्ग की 21 किमी यात्रा आस्था का बड़ा सफर है, लेकिन बिना तैयारी के चलने से पैरों में दर्द, छाले और सूजन हो सकती है. लोकल 18 से फरीदाबाद की डॉ. धीरजा बताती हैं कि परिक्रमा करना आस्था का विषय है, लेकिन शरीर को इसके लिए तैयार करना भी उतना ही जरूरी है. परिक्रमा के दौरान पानी की बोतल जरूर साथ रखें और थोड़ी-थोड़ी देर में पानी पीते रहें. मुंह सूखने का इंतजार न करें. लौटने के बाद दिन में 3 से 4 बार 15 मिनट के लिए कोल्ड पैक ठंडी सिकाई करें.

फरीदाबाद. गर्मियों का मौसम हो और मथुरा-गोवर्धन की 21 किलोमीटर परिक्रमा…फरीदाबाद और बल्लभगढ़ से हर दिन सैकड़ों श्रद्धालु इस आस्था के सफर पर निकल पड़ते हैं. कोई नंगे पांव चलता है तो कोई चप्पल पहनकर लेकिन मंजिल एक ही होती है पूरी श्रद्धा के साथ परिक्रमा पूरी करना. हालांकि इतनी लंबी पैदल यात्रा के बाद ज्यादातर लोगों के पैरों में छाले, दर्द और सूजन हो जाता है जिससे घर लौटने के बाद चलना तक मुश्किल हो जाता है.

लोकल 18 से फरीदाबाद के सर्वोदय हॉस्पिटल की डॉ. धीरजा बब्बर (Group Head Physiotherapy) बताती हैं कि परिक्रमा करना आस्था का विषय है, लेकिन शरीर को इसके लिए तैयार करना भी उतना ही जरूरी है. अगर बिना तैयारी के अचानक 21 किलोमीटर चलेंगे तो मांसपेशियों में खिंचाव, दर्द और क्रैम्प्स होना तय है. इसलिए परिक्रमा से पहले पैरों की स्ट्रेचिंग करें और शरीर को एक्टिव रखें. यात्रा के दौरान पानी पीते रहना बेहद जरूरी है क्योंकि डिहाइड्रेशन से मसल्स ज्यादा जल्दी थकती हैं और दर्द बढ़ता है.

डॉ. धीरजा बताती हैं कि परिक्रमा से लौटने के बाद पैरों का खास ख्याल रखना चाहिए. हल्की-हल्की स्ट्रेचिंग करें पैरों की मसाज लें और दिन में 3 से 4 बार 15 मिनट के लिए कोल्ड पैक ठंडी सिकाई करें, खासकर काफ और एड़ी वाले हिस्से में. इससे सूजन और दर्द दोनों में राहत मिलती है. ORS, नारियल पानी और ज्यादा से ज्यादा पानी पीना चाहिए ताकि शरीर जल्दी रिकवर कर सके.

पैरों में मेहंदी, बीच-बीच में फल

डॉ. धीरजा बब्बर के मुताबिक, कई लोग परिक्रमा के बाद पैरों में मेहंदी लगाते हैं क्योंकि इसकी तासीर ठंडी होती है और यह एक तरह से कोल्ड पैक जैसा काम करती है. इससे पैरों को ठंडक मिलती है और जलन कम होती है. परिक्रमा के दौरान कुछ छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखना भी जरूरी है. जैसे अपने साथ पानी की बोतल जरूर रखें और थोड़ी-थोड़ी देर में पानी पीते रहें. मुंह सूखने का इंतजार न करें. बीच-बीच में फल खाते रहें ताकि शरीर को एनर्जी मिलती रहे. अगर बच्चे परिक्रमा कर रहे हैं तो उन्हें समय-समय पर आराम जरूर दें नहीं तो उनके पैरों में जल्दी छाले पड़ सकते हैं. अगर इन आसान टिप्स को अपनाया जाए तो न सिर्फ परिक्रमा आराम से पूरी होगी बल्कि बाद में होने वाला दर्द और परेशानी भी काफी हद तक कम हो जाएगी.

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Priyanshu Gupta

Priyanshu has more than 10 years of experience in journalism. Before News 18 (Network 18 Group), he had worked with Rajsthan Patrika and Amar Ujala. He has Studied Journalism from Indian Institute of Mass Commu…और पढ़ें



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