अमेरिका ने वेनेजुएला से जब्त 2 तेल टैंकर कबाड़ में बेचे, किसने खरीदा, भारत में क्यों होगा स्क्रैप?


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US ने वेनेजुएला से जब्त 2 जहाज कबाड़ में बेचे, भारत में क्यों होगा स्क्रैप?Zoom

US Venezuela Oil Tankers: वेनेजुएला के दो बड़े जहाजों को पहले अमेरिका जब्त करता है. फिर दुबई की एक कंपनी उसे खरीदती है और अब इन्हें भारत के कबाड़ मार्केट में बेचा जा रहा है. ‘लॉयड्स लिस्ट’ की सोमवार की रिपोर्ट के मुताबिक, वेनेजुएला पर वॉशिंगटन की कार्रवाई के कुछ दिनों बाद जब्त किए गए दो प्रतिबंधित तेल टैंकरों को अमेरिकी सरकार ने कबाड़ (स्क्रैप) के तौर पर बेच दिया है.

रिपोर्ट के अनुसार, जहाज रीसाइक्लिंग कंपनी ‘ग्लोबल मार्केटिंग सिस्टम्स’ (GMS) ने पिछले महीने एक अज्ञात रकम में ये टैंकर खरीदे. कंपनी का हेडक्वॉर्टर दुबई में है. रिपोर्ट में बताया गया है कि इस बिक्री में ‘एरा’ (जो पहले ‘मैरिनेरा’ और ‘बेला 1’ के नाम से चलती थी) और ‘लिलियो’ (जो पहले ‘गैलीलियो’ और ‘वेरोनिका’ के नाम से चलती थी) शामिल थे. इन टैंकरों को भारत के स्क्रैप यार्ड में तोड़ा जाएगा.

GMS के CEO अनिल शर्मा ने ‘लॉयड्स लिस्ट’ को बताया, “अमेरिकी सरकार ने इन्हें हमें बेचा है और बिक्री के लिए कोर्ट का आदेश भी था, लेकिन इसमें कुछ पेचीदगियां हैं, खासकर यह बात कि हमें पक्का नहीं पता था कि पहले इनका मालिक कौन था.” रॉयटर्स की टिप्पणी के अनुरोध पर GMS ने तुरंत कोई जवाब नहीं दिया. अमेरिकी कोस्ट गार्ड और मिलिट्री स्पेशल फोर्सेस ने जनवरी में आइसलैंड के दक्षिण में रूसी झंडे वाले जहाज ‘एरा’ को जब्त किया था, जिससे अटलांटिक में हफ़्तों से चल रहा उसका पीछा खत्म हुआ. यह जहाज पहले वेनेजुएला से तेल निर्यात रोकने के लिए कैरिबियन में लगाए गए अमेरिकी नाकेबंदी (ब्लॉकेड) से बचकर निकल गया था.

वॉशिंगटन ने तब कहा था कि ‘एरा’ का इस्तेमाल वेनेजुएला और ईरान से प्रतिबंधों के दायरे में आने वाले तेल को ले जाने के लिए किया गया था. अमेरिका ने जनवरी में कैरिबियन सागर में रूस के झंडे वाले एक जहाज को भी ज़ब्त किया, जिसे अब ‘लिलियो’ (Lileo) के नाम से जाना जाता है. उस टैंकर पर रूस के खिलाफ अमेरिकी प्रतिबंध लागू थे. वेनेज़ुएला में सैन्य कार्रवाई के बाद अमेरिका ने 10 तेल टैंकर ज़ब्त किए थे. प्रतिबंधों की चपेट में आए जहाज अक्सर पकड़े जाने से बचने के लिए अपने नाम बदल लेते हैं.

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Rakesh Ranjan Kumar

राकेश रंजन कुमार को डिजिटल पत्रकारिता में 10 साल से अधिक का अनुभव है. न्यूज़18 के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान, दैनिक जागरण, ज़ी न्यूज़, जनसत्ता और दैनिक भास्कर में काम किया है. वर्तमान में वह h…

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