खामेनेई के पार्थिव शरीर को सुपुर्द-ए-खाक से पहले इराक के नजफ और कर्बला ले जाया गया था, जहां उनसे जुड़ी धार्मिक रस्में निभाई गईं। इसके बाद विशेष विमान से उनका पार्थिव शरीर मशहद लाया गया। ईरानी अधिकारियों के मुताबिक, खामेनेई को उनकी अंतिम इच्छा के अनुसार मशहद स्थित इमाम रजा के रौजे के पास सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा।
खामेनेई की तदफीन में देरी हो गई है। ईरानी सरकारी टीवी के मुताबिक, इराक के नजफ और कर्बला में अंतिम यात्रा के दौरान उम्मीद से ज्यादा भीड़ जुटने के कारण कार्यक्रम तय समय से पीछे चला गया। पहले अंतिम संस्कार सुबह होना था। लेकिन देरी के कारण खामेनेई को भारतीय समयानुसार शाम 4:30 बजे ईरान के मशहद में सुपुर्द-ए-खाक करने का कार्यक्रम तय हुआ, लेकिन इसमें भी देरी हो गई है।




