न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट में भी किया गया दावा
‘द न्यूयॉर्क टाइम्स’ ने भी अपनी रिपोर्ट में कहा कि अमेरिकी अधिकारियों का मानना था कि 8 अप्रैल के युद्धविराम के बाद इजरायल इन दोनों नेताओं को निशाना बना सकता है। इसी वजह से क्षेत्रीय बिचौलियों के जरिए ईरान को चेतावनी भेजी गई थी।
रिपोर्ट के अनुसार, 12 अप्रैल को इस्लामाबाद में अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के साथ बातचीत के बाद लौट रहे संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ को संभावित इजरायली खतरे की सूचना दी गई। खुफिया जानकारी मिलने के बाद उनका विमान आपात स्थिति में मशहद में उतारा गया और इसके बाद वह सड़क मार्ग से तेहरान पहुंचे।
‘द न्यूयॉर्क टाइम्स’ ने अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से कहा कि यदि शांति वार्ता के दौरान अब्बास अराघची या मोहम्मद बाघेर गालिबाफ की हत्या की जाती, तो पूरी शांति प्रक्रिया ध्वस्त हो सकती थी और एक बार फिर संघर्ष शुरू होने की आशंका थी। रिपोर्टों के अनुसार, ईरान नीति को लेकर अमेरिका कूटनीतिक समाधान को प्राथमिकता दे रहा था, जबकि इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू तेहरान के खिलाफ अधिक सख्त रुख बनाए हुए थे।




