आईएईए की रिपोर्ट के अनुसार ईरान ने हाल के वर्षों में 60 फीसदी शुद्धता तक यूरेनियम संवर्धन तेज किया है।
इस बीच अमेरिका के पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार का बयान भी बढ़ते तनाव और टकराव की तस्दीक करता है। उन्होंने कहा है कि ईरान में बड़े पैमाने पर मिलिट्री एक्शन के दोबारा होने की पूरी आशंका है।
ट्रंप के पहले चरण के दौरान नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर रहे एच.आर. मैकमास्टर का अनुमान है कि ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान फिर से शुरू होगा। सीएनएन के एक शो में उनसे ट्रंप के उस बयान को लेकर सवाल किया गया था जिसमें उन्होंने कहा था कि ईरान के साथ सीजफायर “लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर है।” यानी ये अत्यंत कमजोर स्थिति में है।
सुर्खियों में इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की टिप्पणी भी है। जिन्होंने एक टीवी साक्षात्कार में कहा कि ईरान के साथ युद्ध तब तक जारी रहेगा जब तक देश के पास बहुत ज्यादा संवर्धित यूरेनियम का भंडार है।
उन्होंने अमेरिकी चैनल सीबीएस के प्रोग्राम 60 मिनट्स में कहा, “यह खत्म नहीं हुआ है, क्योंकि अभी भी परमाणु पदार्थ, यानी एनरिच्ड यूरेनियम, उनके पास है जिसे ईरान से बाहर ले जाना है। अभी भी एनरिचमेंट साइट्स हैं जिन्हें खत्म करना है।” यह पूछे जाने पर कि इसे कैसे हटाया जाना चाहिए, नेतन्याहू ने कहा, “आप अंदर प्रवेश करते हैं और इसे बाहर निकाल लाते हैं।”





