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उत्तर प्रदेश के तराई क्षेत्रों में पाया जाने वाला कटेरी का पौधा देखने में भले ही कांटेदार और साधारण लगे, लेकिन आयुर्वेद में इसे बेहद गुणकारी माना गया है. कंटकारी या भटकटैया के नाम से पहचाने जाने वाले इस पौधे के फूल, पत्ते और बीज कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं में उपयोग किए जाते हैं. खांसी, अस्थमा, गले की खराश से लेकर पेट दर्द और दांतों के दर्द तक, यह पौधा कई घरेलू उपचारों में काम आता है.
उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के तराई इलाके में कई ऐसे पौधे पाए जाते हैं, जो स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद माने जाते हैं. हालांकि, इनमें से कुछ पौधे कांटेदार होते हैं, जिन्हें लोग अक्सर बेकार समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, जबकि वे काफी उपयोगी होते हैं. आज हम आपको ऐसे ही एक कांटेदार पौधे कटेरी के बारे में बता रहे हैं, जिसे आयुर्वेद में बहुत फायदेमंद माना जाता है.

कटेरी का पौधा आसानी से आसपास मिल जाता है, लेकिन यह मुख्य रूप से गर्मियों के मौसम में ही दिखाई देता है. इसमें पीले रंग के फूल पाए जाते हैं और आयुर्वेद में इसके औषधीय गुणों के लिए इसे खास माना जाता है. यह पौधा खांसी, बुखार, अस्थमा, सिरदर्द, पेट दर्द, लिवर और त्वचा से जुड़ी समस्याओं में असरदार माना जाता है. खासतौर पर इसके फूलों को सेहत के लिए बेहद लाभकारी बताया जाता है.

कटेरी को लोग अलग-अलग नामों से जानते हैं, जैसे कंटकारी और भटकटैया. अगर आप गले में सूजन या खराश की समस्या से परेशान रहते हैं, तो यह पौधा आपके लिए फायदेमंद हो सकता है. मौसम बदलने के साथ गले में खराश और खांसी की समस्या आम हो जाती है. ऐसे में कटेरी के पीले फूलों का चूर्ण बनाकर शहद के साथ इस्तेमाल किया जा सकता है, जिससे गले की सूजन, खराश और खांसी में राहत मिलती है.
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कटेरी में एंटी-अस्थमैटिक गुण पाए जाते हैं, जो अस्थमा के लक्षणों को कम करने में मदद करते हैं. यह सांस लेने में होने वाली दिक्कत में भी राहत प्रदान करता है. सिरदर्द से परेशान लोग कटेरी के काढ़े का सेवन कर सकते हैं. इसके अलावा, कटेरी के फूलों का रस माथे पर लगाने से भी सिरदर्द में राहत मिलने की बात कही जाती है.

आयुर्वेदिक आचार्य देवेंद्र कुमार के अनुसार, कटेरी पेट दर्द की समस्या में भी राहत दे सकता है. अगर आप पेट दर्द से परेशान हैं, तो इसके फूलों को पीसकर छाछ के साथ सेवन किया जा सकता है, जिससे आराम मिल सकता है. हालांकि, इसके बाद नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर से सलाह लेना भी जरूरी है, ताकि सही उपचार सुनिश्चित किया जा सके.

अगर आपके दांतों में दर्द रहता है और आप इस समस्या से राहत पाना चाहते हैं, तो कटेरी आपके लिए फायदेमंद हो सकता है. इसके बीजों का धुआं लेने से दांतों के दर्द में तुरंत राहत मिल सकती है. इसके अलावा, कटेरी के पत्ते, जड़ और फल का काढ़ा बनाकर कुल्ला करने से भी दांतों का दर्द कम होता है. दांतों में कीड़ा लगने पर अक्सर दर्द शुरू हो जाता है, ऐसे में यह उपाय राहत देने में सहायक माना जाता है.





