केदारनाथ में हेलीकॉप्टर की आपातकालीन स्थिति के दौरान इसकी तेल भी जमीन को छू लिया गया।
केदारनाथ धाम में शुक्रवार सुबह हेलीकॉप्टर की आपातकालीन लैंडिंग कराई गई है। इसमें सवार पायलट और 6 यात्री सुरक्षित हैं। ये यात्री सिरसी हेलिपैड से केदारनाथ धाम के दर्शन के लिए जा रहे थे तभी हेलीकॉप्टर में तकनीकी खराबी आ गई। हेलिपैड पर उतरने से पहले यह बात कही गयी है
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दुर्घटना के समय हैलीपैड पर कुछ यात्री और कंपनी के कर्मचारी भी थे।
तमिलनाडु के थे सवार यात्री
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह राजवार ने बताया कि यह हेलिकॉप्टर क्रिटन एविएशन कंपनी का था। यह हेलीपैड करीब 100 मीटर पहले ही हवा में लहरों से भरा हुआ था। हेलीकॉप्टर को कैप्टन कल्पेश उड़ा रहे थे।
घटना की सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने मौके पर जाकर यात्रियों की मदद की और उन्हें मंदिर तक पहुंचाया।
हेलिकॉप्टर में तमिलनाडु के छह टूर थे- शिवाजी, उल्लभंट चलम, महेश्वरी, सुन्दरा राज, सुमति, मयूर बाघवानी सवार थे।

हैलीकॉप्टर को जमीन पर लैंड करा दिया गया।
नौ लाख से अधिक लोगों ने दर्शन किये
10 मई से शुरू हुई चार धाम यात्रा में अब तक कुल 9 लाख 61 हजार 302 श्रद्धालु चारों धामों के दर्शन कर चुके हैं। जिसमें 4 लाख 24 हजार 242 श्रद्धालु केदारनाथ धाम के दर्शन के लिए पहुंचे। एक लाख 96 हजार 937 श्रद्धालु बद्रीनाथ धाम के दर्शन कर चुके हैं।
गंगोत्री में एक लाख 63 हजार 191 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए हैं। यमुनोत्री धाम में एक लाख 76 हजार 993 पर्यटक दर्शन कर चुके हैं। 23 मई को एक दिन में 75,569 श्रद्धालुओं ने आसपास धामों के दर्शन किए।
अब तक 31 लाख रजिस्ट्रेशन
चार धाम यात्रा के लिए अब तक कुल 31 लाख 18 हजार 926 यात्रियों ने पंजीकरण कराया है। 30 जून तक चारों धाम में दर्शन के लिए सभी स्लॉट फुल हैं। यमुनोत्री के लिए 4 लाख 86 हजार 285, गंगोत्री के लिए 5 लाख 54 हजार 656, केदारनाथ के लिए 10 लाख 37 हजार 700 और बद्रीनाथ के लिए 9 लाख 55 हजार 858 और हेमकुंड साहिब के लिए 84 हजार 427 आवेदकों ने पंजीकरण दाखिल किया है।

यमुनात्री के पैदल मार्ग पर घोड़ों के खच्चरों के लिए समय तय किया गया है।
चारधाम यात्रा के 12 दिनों में 49 यात्रियों की मौत
उत्तराखंड में चार धाम यात्रा के दौरान 12 दिनों (23 मई तक) में 49 लोगों की मौत हो गई है। इसमें अधिकांश चोटें ऐसी होती हैं जो किसी न किसी बीमारी से ग्रसित होती हैं। यह आंकड़े राज्य आपातकालीन नियंत्रण कक्ष की ओर से जारी किए गए हैं।
इनमें से सबसे ज्यादा 23 समर्पित केदारनाथ धाम में हुई हैं। इसके बाद यमनोत्री धाम में 12 और बद्रीनाथ धाम में 11 भक्तों की मृत्यु हो चुकी है। इसी तरह गंगोत्री धाम में अब तक तीन भक्तों ने दम तोड़ दिया है।
31 मई तक ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन बंद
यात्रियों की अधिक संख्या के चलते सीएम मुख्यमंत्री के निर्देश पर ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन 31 मई तक बंद कर दिए गए हैं। इस कारण यात्री अब बिना रजिस्ट्रेशन के यात्रा करने से परेशान हैं। हरिद्वार में गुरुवार को करीब 300 से अधिक तीर्थयात्री सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय पहुंचे। वे यात्रा करने का सम्मान मांग रहे थे। उनका कहना है कि वह बिना चारधाम यात्रा किए वापस नहीं जाएंगे। हालांकि, भीड़ को देखते हुए प्रशासन की सख्ती जारी है।
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने चारधाम यात्रा की मॉनिटरिंग शुरू की
उत्तराखंड में चार धाम यात्रा की निगरानी अब केंद्रीय गृह मंत्रालय ने भी शुरू कर दी है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्य सरकार को चार धाम यात्रा की व्यवस्थाओं की हर रोज की रिपोर्ट देने को कहा है। उत्साहित यात्रा की शुरुआत से ही चारों धामों में भीड़ प्रबंधन सरकार के लिए चुनौती बना हुआ है।
यात्री कई-कई घंटे जाम में फंसे रहते हैं, दर्शन के लिए भी यात्रियों को लंबी लाइन में लगकर इंतजार करना पड़ता है। चारधाम यात्रा को लेकर कई तरह का लाभकारी केंद्र सरकार को मिल रहा था। जिसके बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने चारधाम यात्रा की निगरानी शुरू की।
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यदि आप अभी उत्तराखंड में चारधाम यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो इसमें कुछ दिन टाल दें, क्योंकि अधिक भीड़ हो जाने से व्यवस्थाएं चरमरा गई हैं। यह स्थिति इसलिए बनी हुई है क्योंकि बिना रजिस्ट्रेशन के यात्री पहुंच गए हैं। बुधवार से प्रशासन ने नीति शुरू कर दी है। व्यवस्था सुधार के लिए सचिव स्तर के अधिकारी पहुंचे हैं। अब तक 2 लाख 76 हजार 416 टूर चारधाम के दर्शन कर चुके हैं। पढ़ें पूरी खबर…
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उत्तराखंड की चार धाम यात्रा 10 मई से शुरू हो गई है। केदारनाथ के कपाट सुबह 6:55 बजे और यमुनात्री के कपाट सुबह 10:29 बजे लगाए गए। दोपहर 12:25 बजे गंगोत्री धाम के कपाट खोले गए। जबकि बद्रीनाथ मंदिर में दर्शन 12 मई से होंगे।
केदारनाथ के कपाट खुलने के बाद सीएम पुष्कर सिंह धामी अपनी पत्नी के साथ दर्शन के लिए पहुंचे। यहां पहले ही दिन हजारों लोगों की भीड़ के कारण ड्राइवरों को देखने को मिली। पूरी खबर यहां पढ़ें…
