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डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी पोस्ट में सऊदी अरब और रूस पर सीधा और बहुत कड़ा वार किया है. उन्होंने कहा, ‘हमारे पास अगली दो सबसे बड़ी इकोनमी से भी ज्यादा तेल है’. अमेरिका के तेल की क्वालिटी इन दोनों देशों से बहुत ज्यादा बेहतर है. ईरान ने वॉर के कारण ‘स्ट्रेट आफ होर्मुज’ को पूरी तरह बंद कर दिया है.
होर्मुज स्ट्रेट बंद होने से कई तेल और गैस टैंकरों से लदे जहाज वहां फंस गए हैं. (रॉयटर्स)
वॉशिंगटन. अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि बड़ी संख्या में खाली टैंकर तेल और गैस लेने के लिए यूएस की ओर बढ़ रहे हैं. एक बार फिर ट्रुथ सोशल पर उन्होंने बड़ा बयान दिया. ट्रंप ने ये बात उस समय कही है जब संघर्ष विराम को लेकर इस्लामाबाद में दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडल मौजूद हैं.
ट्रंप ने कहा कि बड़ी संख्या में खाली टैंकर तेल और गैस भरवाने के लिए यूएस की ओर बढ़ रहे हैं. इनमें से कुछ दुनिया में सबसे बड़े हैं, अभी दुनिया में बेहतरीन और “सबसे मीठा” तेल (और गैस!) लोड करने के लिए अमेरिका की ओर बढ़ रहे हैं. हमारे पास अगली दो सबसे बड़ी तेल इकॉनमी को मिलाकर भी ज्यादा तेल है… और बेहतर क्वालिटी का भी. हम आपका इंतजार कर रहे हैं. जल्दी काम पूरा हो जाएगा!”
बता दें कि जिन दो बड़ी अर्थव्यवस्थाओं की ट्रंप बात कर रहे हैं, वो सऊदी अरब और रूस हैं. सऊदी 2023-2024 में तेल निर्यात मूल्य के मामले में शीर्ष निर्यातक रहा. तो रूस प्राकृतिक गैस का सबसे बड़ा निर्यातक और तेल का दूसरा/तीसरा प्रमुख निर्यातक रही.
वहीं, अमेरिका के बतौर निर्यात उपलब्धियों की बात करें तो इसने साल 2025 में लगभग 4 मिलियन बैरल प्रतिदिन क्रूड ऑयल निर्यात किया, जिसका कुल वार्षिक आयात करीब 3.9 बिलियन बैरल रहा. मुख्य खरीदार देशों में नीदरलैंड्स, मेक्सिको , कनाडा, दक्षिण कोरिया, जापान, चीन और भारत (221 मिलियन बैरल) शामिल हैं. इनके अलावा ब्राजील, यूनाइटेड किंगडम और स्पेन भी इससे तेल खरीदते हैं.
यह पहली बार नहीं है कि ट्रंप ट्रुथ पर तेल का ऑफर दे रहे हैं; इससे पहले भी वह कुछ ऐसी ही बात कर चुके हैं. पश्चिम एशिया संघर्ष की वजह से ईरान ने ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ बंद कर दिया था. तेल और गैस की कीमतें बढ़ीं तो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नाटो देशों से मदद की गुहार लगाई थी. मदद न मिलने पर ट्रंप ने दुनिया के सामने तीन विकल्प रखे: वहां से हट जाओ या ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ खुद खुलवा लो, और तीसरा विकल्प अमेरिका से सीधे तेल और गैस खरीदने का दिया था.
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राकेश रंजन कुमार को डिजिटल पत्रकारिता में 10 साल से अधिक का अनुभव है. न्यूज़18 के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान, दैनिक जागरण, ज़ी न्यूज़, जनसत्ता और दैनिक भास्कर में काम किया है. वर्तमान में वह h…और पढ़ें





