बच्चों की सेहत असर डाल रहा फास्ट फूड, शरीर के इस अंग को कर रहा प्रभावित, रोज अस्पताल पहुंच रहे 100 मरीज


Last Updated:

आजकल बच्चों में फास्ट फूड खाने का प्रचलन बढ़ता जा रहा है. जिससे बच्चों की सेहत पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है. ऐसे में लिवर और किडनी से संबंधित तमाम तरह की बीमारियां बच्चो में इस समय पनप रही है. ऐसे में विशेषज्ञ ने प्राकृतिक चीजों के सेवन करने की सलाह तो पिज़्ज़ा, बर्गर, चाऊमीन, मोमोज, चॉकलेट, सहित जितनी भी मार्केट में मिलने वाली चीजों से परहेज करने की बात की.

मुरादाबादः आपका बच्चा अगर बहुत जबरदस्त भूख लगने का हवाला देकर चाऊमीन, बर्गर आदि फास्ट फूड खाने के लिए लपकता है, तो इसका मतलब वह क्रैविंग (तलब) की गिरफ्त में आ गया है. चिकित्सक बच्चों में फास्ट फूड की क्रैविंग होने की समस्या खतरनाक रूप से बढ़ने की बात साझा कर रहे हैं. जिसकी वजह से बच्चों में मोटापा बढ़ने, खून की कमी (एनिमिया) से पीड़ित होने की समस्या गंभीर रूप में सामने आ रही है. जिला अस्पताल में प्रतिदिन इस तरह की समस्याओं के 80 से 100 मरीज सामने आ रहे है.

बच्चों के लीवर और किडनी पर असर डाल रहा फास्ट फूड

बाल रोग विशेषज्ञ डॉक्टर वीर सिंह ने बताया कि आजकल बच्चों और बड़ों दोनों में बाहर से चीज खाने का और फास्ट फूड खाने का प्रचलन बढ़ता जा रहा है. जिससे बच्चों की सेहत पर बहुत प्रभाव पड़ रहा है. ऐसे में लिवर और किडनी से संबंधित तमाम तरह की बीमारियां बच्चो में इस समय पनप रही है. ऐसे में प्राकृतिक चीजों का सेवन करना चाहिए पिज़्ज़ा, बर्गर, चाऊमीन, मोमोज, चॉकलेट, सहित जितनी भी मार्केट में मिलने वाली चीज हैं. उन सबसे परहेज करना चाहिए. इन सब का सेवन करने से हमारी सेहत को बहुत नुकसान पहुंच रहा है और लीवर से संबंधित तमाम बीमारियां उत्पन्न हो रही हैं. जिला अस्पताल में प्रतिदिन फास्टफूड का सेवन कर पेट की समस्याओं सहित तरह-तरह की दिक्कतों के 80 से 100 मरीज प्रतिदिन मरीज आ रहे है. और यह सब फास्टफूड ओर बाहर की चीज़ों का सेवन करने से बीमार पड़ रहे है.

बच्चो को लगती है तलब

उन्होंने बताया कि आजकल बच्चे फास्ट फूड की ज्यादा जिद करते हैं. फास्ट फूड खाने के लिए बच्चों में पैदा होने वाली कृत्रिम, बेतहाशा भूख और तलब ही क्रैविंग है. इस क्रेविंग के चलते बच्चे बार-बार और भी अधिक मात्रा में फास्ट फूड खाने पर आमादा हो रहे हैं. उनका कहना है कि चाऊमीन, बर्गर, पिज्जा आदि फास्ट फूड को तैयार करने में प्रयुक्त होने वाले मसाले बच्चों में क्रैविंग की समस्या का कारण बन रहे हैं. इसलिए बच्चे और बड़े दोनों फास्ट फूड से दूर रहे तभी उनकी सेहत ठीक रहेगी।

About the Author

Rajneesh Kumar Yadav

मैं रजनीश कुमार यादव, 2019 से पत्रकारिता से जुड़ा हूं. तीन वर्ष अमर उजाला में बतौर सिटी रिपोर्टर काम किया. तीन वर्षों से न्यूज18 डिजिटल (लोकल18) से जुड़ा हूं. ढाई वर्षों तक लोकल18 का रिपोर्टर रहा. महाकुंभ 2025 …और पढ़ें



Source link

Latest articles

spot_imgspot_img

Related articles

Leave a reply

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_imgspot_img