Iran War News: ईरान जंग पर अमेरिका ने बड़ा यूटर्न लिया है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान युद्ध खत्म करने की डेडलाइन तय कर दी है. जी हां, डोनाल्ड ट्रंप का कहना है कि अमेरिका दो से तीन सप्ताह के अंदर ईरान पर अपने सैन्य हमले रोक देगा. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि वॉशिंगटन अब ईरान के साथ युद्ध में ज्यादा समय तक शामिल नहीं रहेगा. उन्होंने संकेत दिया कि अमेरिका अगले दो से तीन हफ्तों में सैन्य कार्रवाई और कूटनीतिक प्रयासों के साथ आगे बढ़ते हुए ईरान युद्ध से बाहर निकल सकता है. इतना ही नहीं, उन्होंने यह भी कहा कि इस संघर्ष को खत्म करने के लिए तेहरान को कोई समझौता करना जरूरी नहीं है.
डोनाल्ड ट्रंप का यह बयान उनके पुराने बयानों से साफ उलट है. हालांकि, डोनाल्ड ट्रंप ने यह साफ नहीं किया कि आखिर यह युद्ध खत्म कैसे होगा. ईरान-अमेरिका युद्ध अपने पांचवें सप्ताह में है. जंग को अभी तक 34 दिन हो चुके हैं. 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल ने मिलकर ईरान पर अटैक किया था. उस अटैक में अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो गई थी. तब से ईरान भी जंग के मैदान में डंटा है. उसने होर्मुज को बंद करके पूरी दुनिया को संकट में डाल रखा है. अमेरिका होर्मुज को खुलवाने में अब तक नाकाम रहा है.
ट्रंप के बयान का मतलब
मंगलवार को वाइट हाउस में पत्रकारों से बात करते हुए डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, ‘हम बहुत जल्द ईरन से निकल जाएंगे.’ उन्होंने कहा कि ईरान से यह वापसी दो हफ्तों के अंदर या शायद तीन हफ्तों में हो सकती है. जब उनसे पूछा गया कि क्या ईरान के साथ सफल कूटनीति अमेरिका की ओर से अपने ‘ऑपरेशन एपिक फ़्यूरी’ को खत्म करने के लिए एक जरूरी शर्त है तो ट्रंप ने कहा कि ऐसा नहीं है. उन्होंने कहा, ‘ईरान को कोई समझौता करना जरूरी नहीं है, नहीं. उन्हें मेरे साथ कोई समझौता करने की ज़रूरत नहीं है.’ उन्होंने यह भी जोड़ा कि अमेरिका तब बाहर निकलेगा जब उसे लगेगा कि ईरान की परमाणु क्षमता काफी हद तक कमजोर हो गई है.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अब ईरान जंग खत्म करना चाहते हैं.
अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने क्या कहा
इससे पहले मंगलवार को अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने कहा कि ट्रंप ईरान के साथ एक समझौता करने को तैयार हैं, ताकि उस युद्ध को खत्म किया जा सके जिसमें हजारों लोग मारे जा चुके हैं. जो पूरे क्षेत्र में फैल चुका है. जिससे ऊर्जा की आपूर्ति बाधित हुई है. जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था के पूरी तरह से चरमरा जाने का खतरा पैदा हो गया है. हेगसेथ ने कहा कि बातचीत चल रही है और मजबूत हो रही है लेकिन अगर ईरान ने बात नहीं मानी तो अमेरिका युद्ध जारी रखने के लिए तैयार है.
ईरान करेगा अमेरिकी कंपनियों पर अटैक
वॉशिंगटन में हेगसेथ ने कहा, ‘हमारे पास ज़्यादा से अधिक विकल्प हैं और उनके पास कम… सिर्फ़ एक महीने में हमने शर्तें तय कर दी हैं; आने वाले दिन निर्णायक होंगे.’ वहीं, मंगलवार को ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने जवाबी कार्रवाई करते हुए बुधवार से इस क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी कंपनियों के खिलाफ एक नई धमकी जारी की. उन्होंने 18 कंपनियों की एक सूची जारी की, जिसमें Microsoft, Google, Apple, Intel, IBM, Tesla और Boeing शामिल हैं. ईरान ने कहा कि तेहरान के समय के अनुसार रात 8 बजे से इन कंपनियों को निशाना बनाया जाएगा.
ईरान की धमकी पर क्या बोले ट्रंप
जब डोनाल्ड ट्रंप से पूछा गया कि क्या उन्हें इन कंपनियों के खिलाफ दी गई धमकियों को लेकर कोई चिंता है, तो उन्होंने कहा, नहीं. ईरान के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा, ‘उनके पास अब धमकी देने के लिए ज़्यादा कुछ बचा नहीं है.’





