1.3 C
New York

लोकसभा चुनाव में सभी ट्रांसजेंडर उम्मीदवारों की जमानत जब्त, नहीं मिला जनता का समर्थन

Published:


ट्रांसजेंडर- इंडिया टीवी हिंदी

छवि स्रोत : प्रतिनिधि चित्र (पीटीआई/फ़ाइल)
सभी ट्रांसजेंडर प्रसव की जमानत

नई दिल्ली: इस बार लोकसभा चुनाव लड़ने वाले सभी तीन ट्रांसजेंडर सदस्यों की जमानत जब्त हो गई है, जो देश में राजनीतिक प्रतिनिधित्व पाने के लिए इस समुदाय के सामने आने वाली चादरों को उजागर करता है। भारत में अभी तक किसी भी ट्रांसजेंडर ने लोकसभा चुनाव नहीं जीता है। तीनों ट्रांसजेंडर गर्भधारण ने चुनाव के रूप में लड़ाई लड़ी थी।

धनबाद से चुनाव लड़ने वाली सुनैना किन्नर को 3,462 मत मिले। दक्षिणी दिल्ली से उम्मीदवार राजन सिंह को 325 मत मिले। दमोह (मध्य प्रदेश) से चुनाव लड़ने वाली दुर्गा मौसी को 1,124 मत मिले। इनमें से कोई भी ट्रांसजेंडर उम्मीदवार जीत के करीब भी नहीं पहुंच पाया और सभी अपनी जमानत राशि बचाने में भी असफल रहे।

निर्वाचन आयोग के नियमों के अनुसार, जो उम्मीदवार कुल वैध मतों का कम से कम छठा हिस्सा प्राप्त करने में असफल रहते हैं, उनकी जमानत राशि जब्त हो जाती है।

फार्म में क्या रहे परिणाम?

भारत निर्वाचन आयोग ने कांग्रेस के सभी 543 निर्वाचन क्षेत्रों के लिए अंतिम परिणाम जारी कर दिए हैं, जिसमें भारतीय जनता पार्टी को 240 और कांग्रेस को 99 सीटों पर विजयी घोषित किया गया है। बता दें कि कांग्रेस में 543 सदस्य हैं, लेकिन सूरत से भाजपा उम्मीदवार मुकेश दलाल के विरोध में 542 सीटें मिलने की खबर आई है।

बुधवार को जारी हुए अंतिम परिणाम के अनुसार एनडीए ने बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार तीसरी बार सरकार बना रहे हैं। भाजपा के आंदोलन ने इस बार भी मोदी के नाम पर चुनाव लड़ाई लड़ी, लेकिन पार्टी 240 सीट जीतने के साथ ही जोकी बहुमत के लिए 272 सीटों के आंकड़े से कम है। ऐसे में भाजपा को सरकार बनाने के लिए एनडीए के सहयोगी दलों के समर्थन की जरूरत है। (इनपुट: भाषा से भी)

नवीनतम भारत समाचार





Source link

Related articles

spot_img

Recent articles

spot_img