भरंगी पौधा औषधीय गुणों से भरपूर, दमा से लेकर पेट दर्द तक में लाभकारी, कई रोगों में उपयोगी


Last Updated:

Benefits of Bharangi: प्रकृति ने इंसान को कई ऐसे पौधे दिए हैं जो देखने में साधारण लगते हैं, लेकिन उनके भीतर कई औषधीय गुण छिपे होते हैं. सही जानकारी और सही उपयोग से ये पौधे स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद साबित हो सकते हैं. इन्हीं पौधों में एक नाम भरंगी का भी आता है.

यह पौधा आमतौर पर जंगल या बगीचों के आसपास देखने को मिल जाता है, लेकिन बहुत कम लोगों को इसके गुणों की जानकारी होती है. भरंगी का पौधा करीब 10 से 12 फीट तक लंबा हो सकता है और इसमें बैंगनी रंग के फूल भी आते हैं.

आयुर्वेद में इस पौधे को खास महत्व दिया गया है और इसकी जड़ को कई औषधीय प्रयोगों में इस्तेमाल किया जाता है.समस्तीपुर के डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय पूसा के मेडिसिनल प्लांट विभाग के वैज्ञानिक डॉ. दिनेश राय ने लोकल 18 से बातचीत करते बताया कि भरंगी का पौधा औषधीय दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण माना जाता है.

उन्होंने बताया कि यह पौधा लगभग 8 से 14 फीट तक बढ़ सकता है और इसके फूल बैंगनी रंग के होते हैं. आयुर्वेद में इसकी जड़ का विशेष उपयोग किया जाता है. वैज्ञानिकों के अनुसार भरंगी का उपयोग दमा यानी अस्थमा जैसी समस्या में लाभकारी माना जाता है.

Add News18 as
Preferred Source on Google

इसके अलावा पेट दर्द, बवासीर और मूत्र रोग जैसी समस्याओं में भी इसका प्रयोग किया जाता है. पारंपरिक चिकित्सा पद्धति में इसे कई रोगों के उपचार में काफी उपयोगी माना जाता है.

डॉ. दिनेश राय के अनुसार भरंगी के पौधे को घर या बगीचे में आसानी से लगाया जा सकता है. यह पौधा ज्यादा देखभाल के बिना भी बढ़ जाता है. उन्होंने बताया कि आयुर्वेद में इसकी जड़ का पाउडर बनाकर उपयोग किया जाता है. हालांकि, इसका सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए.

आमतौर पर 5 से 10 ग्राम तक इसका उपयोग किया जाता है. विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी औषधीय पौधे का उपयोग करने से पहले आयुर्वेदाचार्य या चिकित्सक से सलाह लेना जरूरी है, ताकि इसका सही और सुरक्षित लाभ मिल सके.



Source link

Latest articles

spot_imgspot_img

Related articles

Leave a reply

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_imgspot_img